युवक की मौत पर फूटा जनाक्रोश, थाने के गेट पर शव रख तीन घंटे तक प्रदर्शन
नौ दिन बाद भी कार्रवाई नहीं होने से ग्रामीणों में आक्रोश, अधिकारियों के आश्वासन पर समाप्त हुआ धरना

संपादक @लेखेन्द्र सिंह बंशीवाल
बारां। मनोहरथाना रोड पर 19 जून को हुए सड़क हादसे में घायल राकेश मीणा (निवासी अर्जुनपुरा, थाना जावर, जिला झालावाड़) की उपचार के दौरान मौत के बाद रविवार को परिजनों और सैकड़ों ग्रामीणों का आक्रोश फूट पड़ा। ग्रामीणों ने हरनावदाशाहजी थाने के मुख्य द्वार पर शव रखकर करीब तीन घंटे तक प्रदर्शन किया और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी करते हुए आरोपी ट्रैक्टर चालक की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।
ग्रामीणों का आरोप था कि दुर्घटना के नौ दिन बाद भी पुलिस आरोपी ट्रैक्टर और चालक की पहचान नहीं कर सकी, जबकि घटना का सीसीटीवी फुटेज उपलब्ध है। प्रदर्शनकारियों ने मृतक के परिवार को आर्थिक सहायता, आश्रित को संविदा पर नौकरी तथा लापरवाही बरतने वाले पुलिसकर्मियों पर कार्रवाई की भी मांग उठाई।
मृतक राकेश मीणा असनावर क्षेत्र की एक ग्राम पंचायत में पंचायत सहायक के पद पर कार्यरत थे। उनके निधन से परिवार पर आर्थिक संकट गहरा गया है।
प्रदर्शन में युवा नेता नरेश मीणा, नेमीचंद मीणा, छबड़ा डिप्टी ताराचंद वर्मा, एसडीएम अभिमन्यु सिंह कुंतल, नायब तहसीलदार राधेश्याम लववंशी, सीआई दीनदयाल वैष्णव सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण एवं जनप्रतिनिधि मौजूद रहे। अधिकारियों द्वारा निष्पक्ष एवं शीघ्र कार्रवाई का आश्वासन दिए जाने के बाद प्रदर्शन समाप्त हुआ।




