डूंगरपुर न्यूज : गलियाकोट पुल पर कब दौड़ेगी डूंगरपुर डिपो की बसें, यात्री परेशान

डूंगरपुर, 2024: डूंगरपुर और बांसवाड़ा जिलों के बीच कनेक्शन मजबूत करने वाले गलियाकोट माही नदी पर 44 करोड़ रुपए की लागत से निर्मित हाई लेवल ब्रिज वर्ष 2018 में बनकर तैयार हो चुका है। यह पुल न केवल इन दोनों जिलों के बीच की दूरी को कम करने में सहायक है, बल्कि स्थानीय क्षेत्र की विकास दर को भी बढ़ावा देने का काम करेगा।
हालांकि, पुल बन जाने के बावजूद गलियाकोट इलाके के ग्रामीण अभी भी यात्री परिवहन की सुविधाओं के अभाव में गंभीर परेशानियों का सामना कर रहे हैं। इस पुल के बनने से कई गाँवों के लिए आवागमन सहज होना चाहिए था, लेकिन डूंगरपुर डिपो की बसें इस मार्ग पर अब तक नहीं चल पा रही हैं, जिससे स्थानीय लोग यात्रा के लिए कई बार लंबी दूरी तय करने को मजबूर हैं।
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि पुल का निर्माण हो चुका है और वह पूरी तरह से सुरक्षित भी है, लेकिन परिवहन विभाग की ओर से बस सेवाओं को शुरू नहीं किया गया है। इससे रोज़मर्रा के आवागमन में काफी दिक्कत आती है, खासकर विद्यार्थियों और मरीजों को जो अस्पताल या शिक्षा संस्थानों तक पहुँचने के लिए इस पुल का उपयोग करना चाहते हैं।
परिवहन विभाग के अधिकारियों के अनुसार, बसें पुल पर जल्द ही दौड़नी शुरू कर दी जाएंगी। फिलहाल कुछ तकनीकी और प्रशासनिक कारणों से यह पहल विलम्बित हुई है, जिसकी जानकारी संबंधित अधिकारियों ने स्थानीय प्रतिनिधियों को दी है। अधिकारियों ने भरोसा दिलाया है कि यात्री सेवा शुरू कर ग्रामीणों की मदद करने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे।
स्थानीय प्रशासन और ग्रामीणों ने भी इस मामले को लेकर विभिन्न मंचों पर आवाज उठाई है ताकि जल्द से जल्द बस सेवाएं शुरू हो सकें और पुल का पूरा लाभ नागरिकों को मिल सके। ग्रामीण यह उम्मीद कर रहे हैं कि आने वाले दिनों में इस दिशा में ठोस कदम उठाए जाएं, जिससे उनकी यात्रा में होने वाली परेशानियां समाप्त हों।
इस हाई लेवल ब्रिज के निर्माण से क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों और सामाजिक संपर्कों को बढ़ावा मिलेगा। बेहतर यातायात सुविधा के कारण पर्यटक भी इस क्षेत्र में आसानी से आ-जा सकेंगे, जिससे स्थानीय व्यापार को भी बढ़ावा मिलेगा। मगर, अभी तक परिवहन की सुविधा न मिल पाने से इलाके के लोग निराश हैं और वे संबंधित अधिकारियों से जल्द समाधान की गुहार लगा रहे हैं।
संक्षेप में, गलियाकोट पुल एक महत्वपूर्ण निर्माण है, लेकिन इसके उपयोग में अनिश्चितकालीन विलंब से डूंगरपुर-बांसवाड़ा के ग्रामीणों को यातायात के लिहाज से जटिल परिस्थितियों का सामना करना पड़ रहा है। अब जनता की आशा इस बात पर टिकी है कि शीघ्र ही डूंगरपुर डिपो की बसें पुल के मार्ग पर दौड़ेंगी और ग्रामीणों की लंबे समय से चली आ रही समस्या का अंत होगा।




