टायर दुकान में भयंकर आग लगी, पुलिस ने दो युवकों को बचाया

जैसलमेर, राजस्थान। शहीद जयसिंह भाटी चौराहा पर स्थित एक टायर पंक्चर सुधारने की दुकान में रविवार देर रात भीषण आग लगने से पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। आग की लपटों ने न केवल टायरों के ढेर को अपनी चपेट में लिया, बल्कि पास की अन्य दुकानों को भी नुकसान पहुंचाया।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, आग आग करीब 1 बजे रात को लगी। आग की तीव्रता इतनी ज्यादा थी कि आस-पास के एक बंद पड़े ढाबे को भी जलाकर राख कर दिया। दुकान में रखे टायरों के कारण आग की लपटें ऊंची और विकट दिख रही थीं। आग पर काबू पाने के लिए दमकल विभाग की गाड़ियां और कर्मचारी लगभग चार घंटे तक लगातार कोशिश करते रहे। कड़ी मशक्कत के बाद ही दमकलकर्मियों ने आग पर नियंत्रण पाया।
इस अग्नि घटना का कारण अभी तक पता नहीं चला है। जानकारी के मुताबिक, आग लगने के वक्त दुकान के बाहर शेड के नीचे दो युवक सो रहे थे, जिन्हें आग की भनक तक नहीं लगी। अचानक लपटें बढ़ीं और खतरा मंडराने लगा। तभी पास से गुजर रही कोतवाली थाने की गश्ती टीम ने आग की स्थिती देख तुरंत एक्शन लिया और फुर्ती से दोनों युवकों को बाहर निकालकर उनकी जान बचाई।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि हादसे में कोई बड़ा जनहानि नहीं हुई, लेकिन माली आर्थिक नुकसान काफी हुआ है। मामले की जांच शुरू कर दी गई है और जल्द आग लगने की वजह का पता लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। वहीं स्थानीय दुकानदार भयभीत हैं और आग से सुरक्षा के लिए कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।
इस घटना ने जैसलमेर शहर में सड़क सुरक्षा और अग्नि सुरक्षा के महत्व को दोबारा से रेखांकित किया है। प्रशासन से उम्मीद जताई जा रही है कि वे सुरक्षा मानकों को सख्ती से लागू करेंगे ताकि भविष्य में ऐसे हादसे रोके जा सकें।
अभी तक मिली जानकारी के अनुसार अग्निशमन विभाग, पुलिस और स्थानीय प्रशासन मिलकर प्रभावित व्यक्तियों को सहायता प्रदान कर रहे हैं। आग की घटना से दुखित दुकानदार और स्थानीय लोग सुरक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए एकजुट हैं।
अग्नि सुरक्षा के लिए समय-समय पर जनता को जागरूक करने और सुरक्षा प्रणाली को मजबूत करने की आवश्यकता है ताकि ऐसे दुर्घटनाओं से बचा जा सके जो न केवल संपत्ति बल्कि मानव जानों को भी प्रभावित करती हैं।




