वीर बजरंगी के जयकारों से गूंज उठा मंदिर, श्रद्धालुओं का उमड़ा सैलाब

श्रीगंगानगर, राजस्थान। हनुमानगढ़ रोड पर स्थित श्री बालाजी धाम में गुरुवार को हनुमान जन्मोत्सव के अवसर पर भक्ति और श्रद्धा का अद्भुत समागम देखने को मिला। पूरी सुबह से मंदिर परिसर ‘‘वीर बजरंगी के जयकारों’’ से गूंजता रहा और भक्तिपूर्ण माहौल ने मंदिर को एक अलग ही रंग में रंग दिया।
सुबह होते ही मंदिर के बाहर भक्तों की लंबी कतारें लग गईं। लगातार भीड़ उमड़ी, जिससे मंदिर परिसर और आस-पास का इलाका भक्तिमय हो गया। इस विशेष दिन पर श्री बालाजी धाम में सुबह से ही विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन हुआ। श्रद्धालुओं ने बड़े उत्साह से 151 चूरमे के बड़े-बड़े ढेरों का महाभोग लगाया, जिसे बाद में उपस्थित सभी भक्तों में बांटा गया।
कार्यक्रम के दौरान मंदिर परिसर में भजन-कीर्तन का भी आयोजन किया गया। सभी भक्त मन लगाकर भक्ति गीतों और कीर्तनों में लीन नजर आए। हालांकि भीड़ के कारण कई बार आयोजकों को व्यवस्थित व्यवस्था बनाने में चुनौतियों का सामना करना पड़ा, लेकिन श्रद्धालुओं ने धैर्य बनाए रखा और बिना किसी अनुशासनहीनता के अपनी मन्नतें मांगी।
इसी क्रम में, एसएसबी रोड स्थित बारहमासी नहर के पास भक्त शिरोमणि संकट मोचन श्री बालाजी दरबार में पांच दिवसीय हनुमान जन्मोत्सव का भव्य आयोजन चल रहा है। जयंती के दिन यहां भव्य ध्वज यात्रा निकाली गई, जिसमें आकर्षक और कलात्मक झांकियों ने सभी का मन मोह लिया।
ध्वज यात्रा के दौरान ‘‘जय श्री राम’’, ‘‘जय श्री बालाजी’’ और ‘‘घर-घर भगवा छाएगा, राम राज्य आएगा’’ जैसे जयकारों ने पूरे क्षेत्र को भक्तिमय बना दिया। बड़ी संख्या में श्रद्धालु सड़कों पर उतरे और यात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होती हुई मंदिर परिसर तक पहुंची। जगह-जगह पुष्पवर्षा कर इस शोभायात्रा का स्वागत किया गया। बालाजी महाराज एवं महाकाली की झांकियां इस यात्रा का विशेष आकर्षण थीं।
मंदिर परिसर पहुंचने पर अखंड भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें भक्तों ने प्रसाद ग्रहण कर इस पर्व की गरिमा को और बढ़ाया। इस तरह हनुमान जन्मोत्सव का यह पर्व श्रद्धालुओं के लिए आध्यात्मिक अनुभव के साथ-साथ सामूहिक भक्ति का भी सशक्त रूप बन गया।




