जस्थान के बाड़ा गांव में गहराया जल संकट, ग्रामीण बूंद-बूंद के लिए तरस रहे हैं

चूरू, राजस्थान
चूरू जिले की ग्राम पंचायत चरला के गांव बाड़ा में पेयजल संकट गहराता जा रहा है, जिससे ग्रामीण और उनके पशु अत्यंत परेशानी में हैं। पिछले दो माह से गांव में पानी की व्यवस्था पूरी तरह ठप्प है, जिससे न केवल मानव जीवन प्रभावित हो रहा है, बल्कि पशुओं के लिए भी पानी का संकट एक बड़ी समस्या बन चुका है।
गांव में कुल आठ सूखी पड़ी खेळियाँ हैं, जिन पर पशु अपनी प्यास बुझाने के लिए निर्भर रहते थे, लेकिन वर्तमान में वह पूरी तरह से सूख गई हैं। ग्रामीणों के अनुसार, जल संकट की स्थिति इतनी गंभीर हो चुकी है कि बूंद-बूंद के लिए लगातार तरस रहे हैं।
स्थानीय ग्रामीणों ने जलदाय विभाग के अधिशासी अभियंता को कई बार ज्ञापन भी दिया है, लेकिन अभी तक स्थायी समाधान नहीं मिला है। ग्रामवासियों ने बताया कि कार्यालय एवं विभागीय अधिकारियों को अनेक बार समस्या से अवगत कराया गया है, परंतु कोई प्रभावी कदम नहीं उठाए गए हैं। ग्रामीणों का कहना है कि हालात बेहद चिंताजनक हैं और उनकी दिहाड़ी और घरेलू ज़रूरतें पूरी करना मुश्किल हो गया है।
स्थानीय लोग अब आपदा की चपेट में आ चुके हैं क्योंकि पेयजल संकट के कारण दैनिक जीवन कठिनाइयों से भरा हो गया है। खासतौर पर बच्चों और बुजुर्गों पर इसका असर दिख रहा है, जो गर्मी के मौसम में बीमार पड़ने की आशंका से घिरे हैं। ग्रामीण मांग कर रहे हैं कि जल विभाग इस गंभीर समस्या को प्राथमिकता से सुलझाए और बाड़ा गांव को जलापूर्ति पुनः बहाल करे।
सरकारी अधिकारियों ने कहा है कि जल संकट की समस्या को समझा जा रहा है और जल्द से जल्द समाधान के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएंगे। ग्रामीणों ने भी अपनी सामूहिक आवाज उठाई है, ताकि वे जल संकट से निजात पा सकें और उनका जीवन सामान्य हो सके।




