करौली: सरकार से मिली स्वीकृति, पांचना बांध से कल पानी छोड़े जाने की तैयारी, अधिकारियों ने की पूरी व्यवस्था

करौली, राजस्थान
करौली जिले के श्रीमहावीरजी क्षेत्र में आगामी भगवान महावीर के वार्षिक मेले को लेकर तैयारियां जोरों पर हैं। इस मेले के आयोजन से पहले करौली प्रशासन ने पांचना बांध से गंभीर नदी में पानी छोड़ने की योजना बनाई है। अधिकारियों ने बताया कि 21 मार्च से पांचना बांध से पानी छोड़ा जाएगा, ताकि क्षेत्र में जलस्तर को बढ़ाया जा सके और मेले के समय जल संबंधी सुविधाओं में सुधार हो।
पांचना बांध से पानी छोड़ने की यह अनुमति राज्य सरकार ने करौली प्रशासन को प्रदान की है। प्रशासन ने इसके लिए सभी इंतजाम कर लिए हैं। बांध प्रबंधन टीम ने जल रिहाई के समय और मात्रा को लेकर विशेष ध्यान दिया है ताकि निचले इलाकों में किसी प्रकार की दिक्कत न हो और प्रभावित क्षेत्रों में लोगों को पूर्व सूचना दी जा सके।
भगवान महावीरजी में होने वाला यह वार्षिक मेला धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। हर साल हजारों की संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक इस मेले में भाग लेते हैं। मेला 27 मार्च से शुरू होगा, जिसके मद्देनजर पांचना बांध से पानी छोड़ने का यह कदम मेले के सफल आयोजन के लिए एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
प्रशासन ने बताया कि पानी छोड़ने का समय और मात्रा नियंत्रण में रखी जाएगी और नदी के आसपास के इलाकों में सतर्कता बढ़ा दी गई है। इस प्रक्रिया के दौरान सुरक्षाकर्मियों को भी तैनात किया जाएगा ताकि किसी भी आपात स्थिति से निपटने में मदद मिल सके।
साथ ही, स्थानीय लोगों को इस पानी की रिहाई की जानकारी पहले ही दे दी गई है ताकि वे अपने कार्य और आवागमन को उसके अनुसार व्यवस्थित कर सकें। अधिकारियों का कहना है कि यह सभी प्रयास क्षेत्र में जल संरक्षण और बेहतर आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए किए जा रहे हैं।
इस बार के भगवान महावीरजी मेले में प्रशासन की यह सजगता और तैयारी प्रशंसनीय मानी जा रही है। मेला आयोजन से पहले ही पुनः जल स्त्रोतों को स्वस्थ करने और क्षेत्र में हरित वातावरण को बनाए रखने के लिए पानी छोड़ा जाना एक सकारात्मक कदम है।
आगे भी प्रशासन इस प्रकार के कदमों के माध्यम से क्षेत्र के विकास और नागरिकों की सुविधा के लिए प्रयासरत रहेगा। वार्षिक मेले के दौरान सुरक्षा एवं व्यवस्थाओं की निगरानी के लिए विशेष टीम भी गठित की गई है, जो सतत निगरानी करेगी और किसी भी संकट की स्थिति में त्वरित समाधान करेगी।
इस प्रकार, करौली के पांचना बांध से पानी छोड़े जाने की योजना ने स्थानीय प्रशासन की सक्रियता और सतर्कता को उजागर किया है, जो आने वाले मेले को सफल और सुरक्षित बनाने में मददगार साबित होगी।




